मानवजनित शोर के कारण हिमालयन मोनाल पक्षी की आवाज में बदलाव : अध्ययन
हेमवती नंदन बहुगुणा गढ़वाल विश्वविद्यालय (HNBGU) के शोधकर्ताओं द्वारा किए गए एक नए अध्ययन से पता चला है कि मानवजनित शोर उत्तराखंड के राज्य पक्षी 'हिमालयन मोनाल' (Himalayan Monal) के संचार व्यवहार को प्रभावित कर रहा है। शोध के अनुसार, अधिक शोर वाले आवासों में रहने वाले मोनाल अपनी आवाज़ की पीक फ़्रीक्वेंसी (peak frequency) को बढ़ा रहे हैं और अधिक समय तक कॉल कर रहे हैं।
- हेमवती नंदन बहुगुणा गढ़वाल विश्वविद्यालय (HNBGU) के शोधकर्ताओं द्वारा किए गए एक नए अध्ययन में यह सामने आया है कि मानवजनित (human-generated) शोर उत्तराखंड के राज्य पक्षी हिमालयन मोनाल (Himalayan Monal) के संचार व्यवहार को प्रभावित कर रहा है।
मुख्य बिंदु
- आवाज़ में बदलाव: शोध से पता चला है कि अधिक शोर वाले क्षेत्रों (जैसे चोपता घाटी, जहां पर्यटकों और तीर्थयात्रियों की आवाजाही अधिक होती है) में रहने वाले मोनाल शांत क्षेत्रों की तुलना में अपनी आवाज़ की पीक फ़्रीक्वेंसी (peak frequency) को बढ़ा रहे हैं और अधिक समय तक कॉल कर रहे हैं।
- शोर से मुकाबला: वैज्ञानिकों के अनुसार, यह बदलाव पक्षियों द्वारा निम्न-आवृत्ति वाले मानव शोर के प्रभाव (acoustic masking) को बेअसर करने और आपस में संवाद बनाए रखने की एक प्राकृतिक रणनीति है। हिमालयी गैलिफॉर्म पक्षियों में शोर के कारण होने वाले स्वर परिवर्तन का यह पहला प्रमाण है।
- संरक्षण संबंधी चिंताएं: हिमालयी क्षेत्रों में बढ़ते पर्यटन और मानवीय गतिविधियों के कारण ध्वनी प्रदूषण (acoustic disturbance) बढ़ रहा है। शोधकर्ताओं ने संवेदनशील क्षेत्रों में लक्षित शोर-प्रबंधन उपायों को लागू करने की आवश्यकता पर बल दिया है ताकि वन्यजीवों के संचार और अस्तित्व की रक्षा की जा सके।
प्रारंभिक परीक्षा प्रश्न
प्रश्न : हिमालयी मोनाल के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. यह उत्तराखंड राज्य का राजकीय पक्षी है।
2. यह तीतर (pheasant) परिवार से संबंधित एक गैलिफॉर्म पक्षी है।
3. हालिया अध्ययनों से यह पता चलता है कि मानवजनित शोर का इनकी आवाज़ और संचार पैटर्न पर कोई प्रभाव नहीं पड़ता है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं?
A) केवल 1
B) केवल 1 और 2
C) केवल 2 और 3
D) 1, 2 और 3
Answer: (B) केवल 1 और 2
स्पष्टीकरण: कथन 1 सही है क्योंकि हिमालयन मोनाल उत्तराखंड का राज्य पक्षी है। कथन 2 सही है क्योंकि यह तीतर परिवार (Phasianidae) और गैलिफॉर्म वर्ग से संबंधित है। कथन 3 गलत है, क्योंकि हालिया वैज्ञानिक अध्ययनों से यह साबित हुआ है कि मानवजनित शोर के कारण ये पक्षी अपनी आवाज़ को ऊँचा और लंबा करते हैं।
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